मेरी तुमसे और तुमसे मेरी
पहचान कया है ?

किस रिश्ते को
दोनों दूर होकर भी
निभाते है?
धरती – नभ को जोड़ने वाला
इक क्षितीज है
चाँद -तारो को मिलाने वाला
इक आसमान है
मेरे-तेरे बीच बस
एक मन का तार है

एक आत्मा का तार है ….